अपवाह तंत्र Ch (3) Practice Quiz in Hindi Part 1 – Class 11 Geography Book -2 Practice Quizzes in Hindi Posted on March 2, 2025March 2, 2025 by Anshul Gupta0% 0 votes, 0 avg 18 अपवाह तंत्र Ch (3) 1 / 201. निम्नलिखित में से कौन सी नदी भ्रंश घाटी में बहती है? A. सोन B. यमुना C. लूनी D. नर्मदा स्पष्टीकरण: नर्मदा नदी दक्षिण में सतपुड़ा और उत्तर में विंध्याचल श्रेणियों के मध्य भ्रंश घाटी से बहती है। 2 / 202. निम्नलिखित में से कौन सी नदी ‘बंगाल का शोक’ के नाम से जानी जाती थी? A. कोसी B. दामोदर C. गंडक D. सोन स्पष्टीकरण: दामोदर नदी को पहले ‘बंगाल का शोक’ कहा जाता था क्योंकि यह अक्सर बाढ़ का कारण बनती थी। 3 / 203. ‘जल विभाजक’ किसे कहते हैं? A. दो नदी तंत्रों के बीच की सीमा B. उपरोक्त सभी C. दो नदियों के बीच की सीमा D. दो अपवाह द्रोणियों के बीच की सीमा स्पष्टीकरण: एक अपवाह द्रोणी को दूसरे से अलग करने वाली सीमा को ‘जल विभाजक’ या ‘जल-संभर'( Watershed) कहते हैं। 4 / 204. जल-संभर क्षेत्र के आकार के आधार पर भारतीय अपवाह द्रोणियों को कितने भागों में बाँटा गया है? A. तीन B. पाँच C. चार D. दो स्पष्टीकरण: जल-संभर क्षेत्र के आकार के आधार पर भारतीय अपवाह द्रोणियों को तीन भागों में बाँटा गया है: प्रमुख नदी द्रोणी, मध्यम नदी द्रोणी, और लघु नदी द्रोणी। 5 / 205. नदी द्रोणी और जल-संभर में क्या अंतर है? A. इनमें कोई संबंध नहीं है B. नदी द्रोणी बड़ी होती है, जल-संभर छोटा होता है C. दोनों समान आकार के होते हैं D. नदी द्रोणी छोटी होती है, जल-संभर बड़ा होता है स्पष्टीकरण: नदी द्रोणी का आकार बड़ा होता है, जबकि जल-संभर का आकार छोटा होता है। 6 / 206. मध्यम नदी द्रोणी का उदाहरण कौन सा है? A. कालिंदी B. गंगा C. नर्मदा D. ब्रह्मपुत्र स्पष्टीकरण: मध्यम नदी द्रोणी का अपवाह क्षेत्र 2,000 से 20,000 वर्ग किलोमीटर होता है। कालिंदी इसका एक उदाहरण है। 7 / 207. वृक्षाकार अपवाह प्रतिरूप कैसा दिखता है? A. वृत्ताकार B. सूर्य की किरणों जैसा C. पेड़ की शाखाओं जैसा D. जाली जैसा स्पष्टीकरण: जो अपवाह प्रतिरूप पेड़ की शाखाओं के अनुरूप हो, उसे वृक्षाकार Dendritic) प्रतिरूप कहा जाता है। 8 / 208. अपवाह तंत्र किसे कहते हैं? A. नदी द्रोणियों का संग्रह B. नदियों का जाल C. जल विभाजकों का समूह D. वर्षा का पानी स्पष्टीकरण: निश्चित वाहिकाओं के माध्यम से हो रहे जलप्रवाह को ‘अपवाह’ कहते हैं और इन वाहिकाओं के जाल को ‘अपवाह तंत्र’ कहा जाता है। 9 / 209. अभिकेंद्री अपवाह प्रतिरूप में नदियाँ कहाँ विसर्जित होती हैं? A. झील या गर्त में B. किसी बड़ी नदी में C. समुद्र में D. रेगिस्तान में स्पष्टीकरण: जब सभी दिशाओं से नदियाँ बहकर किसी झील या गर्त में विसर्जित होती हैं, तो ऐसे अपवाह प्रतिरूप को अभिकेंद्री Centripetal) प्रतिरूप कहते हैं। 10 / 2010. भारतीय अपवाह तंत्र को समुद्र में जल विसर्जन के आधार पर कितने समूहों में बाँटा जा सकता है? A. एक B. दो C. तीन D. चार स्पष्टीकरण: समुद्र में जल विसर्जन के आधार पर भारतीय अपवाह तंत्र को दो समूहों में बाँटा जा सकता है: i) अरब सागर का अपवाह तंत्र और ii) बंगाल की खाड़ी का अपवाह तंत्र। 11 / 2011. निम्नलिखित में से कौन सी नदी पंचनद में शामिल नहीं है? A. चेनाब B. रावी C. झेलम D. सिंधु स्पष्टीकरण: पंचनद पंजाब की पाँच मुख्य नदियों – सतलुज, व्यास, रावी, चेनाब और झेलम को दिया गया नाम है। 12 / 2012. निम्नलिखित में से कौन सा अलकनंदा व भागीरथी का संगम स्थल है? A. रूद्र प्रयाग B. विष्णु प्रयाग C. कर्ण प्रयाग D. देव प्रयाग स्पष्टीकरण: देवप्रयाग में भागीरथी, अलकनंदा से मिलती है और इसके बाद गंगा कहलाती है। 13 / 2013. जालीनुमा अपवाह प्रतिरूप में नदियाँ कैसे बहती हैं? A. एक दूसरे के समांतर B. किसी भी दिशा में C. एक दूसरे से समकोण पर D. सभी दिशाओं से एक केंद्र की ओर स्पष्टीकरण: जब मुख्य नदियाँ एक-दूसरे के समांतर बहती हों तथा सहायक नदियाँ उनसे समकोण पर मिलती हों, तो ऐसे प्रतिरूप को जालीनुमा Trellis) अपवाह प्रतिरूप कहते हैं। 14 / 2014. निम्नलिखित में से किस नदी की द्रोणी भारत में सबसे बड़ी है? A. सिंधु B. ब्रह्मपुत्र C. गंगा D. कृष्णा स्पष्टीकरण: गंगा नदी की द्रोणी भारत में सबसे बड़ी है, जो लगभग 8.6 लाख वर्ग किलोमीटर क्षेत्र में फैली हुई है। 15 / 2015. प्रमुख नदी द्रोणी का अपवाह क्षेत्र कितना होता है? A. कोई भी आकार B. 20,000 वर्ग किलोमीटर से अधिक C. 2,000 वर्ग किलोमीटर से कम D. 2,000 से 20,000 वर्ग किलोमीटर स्पष्टीकरण: प्रमुख नदी द्रोणी का अपवाह क्षेत्र 20,000 वर्ग किलोमीटर से अधिक होता है। 16 / 2016. किसी क्षेत्र का अपवाह तंत्र किसका परिणाम है? A. उपरोक्त सभी का B. केवल भूवैज्ञानिक संरचना का C. केवल स्थलाकृति का D. केवल वर्षा का स्पष्टीकरण: किसी क्षेत्र का अपवाह तंत्र वहाँ के भूवैज्ञानिक समयावधि, चट्टानों की प्रकृति एवं संरचना, स्थलाकृति, ढाल, बहते जल की मात्रा और बहाव की अवधि का परिणाम है। 17 / 2017. भारत के कुल अपवाह क्षेत्र का लगभग कितना प्रतिशत भाग बंगाल की खाड़ी में जल विसर्जित करता है? A. 100% B. 77% C. 50% D. 23% स्पष्टीकरण: कुल अपवाह क्षेत्र का लगभग 77 प्रतिशत भाग बंगाल की खाड़ी में जल विसर्जित करता है। 18 / 2018. कौन से पर्वत भारतीय अपवाह तंत्र के दो मुख्य भागों को अलग करते हैं? A. विंध्याचल B. अरावली C. हिमालय D. सतपुड़ा स्पष्टीकरण: ये अपवाह तंत्र दिल्ली कटक, अरावली एवं सहयाद्रि द्वारा विलग किए गए हैं। 19 / 2019. अरीय अपवाह प्रतिरूप का उदाहरण कौन सा है? A. हिमालय की नदियाँ B. अमरकंटक पर्वत श्रृंखला से निकलने वाली नदियाँ C. उत्तरी मैदान की नदियाँ D. दक्षिण भारत की नदियाँ स्पष्टीकरण: जब नदियाँ किसी पर्वत से निकलकर सभी दिशाओं में बहती हैं, तो इसे अरीय Radial) प्रतिरूप कहा जाता है। अमरकंटक पर्वत श्रृंखला से निकलने वाली नदियाँ इस अपवाह प्रतिरूप के अच्छे उदाहरण हैं। 20 / 2020. ‘जलग्रहण’ क्षेत्र किसे कहते हैं? A. जहाँ नदी में बाढ़ आती है B. जहाँ से नदी का उद्गम होता है C. जिस क्षेत्र से नदी अपना जल बहाकर लाती है D. जहाँ नदी अपना जल विसर्जित करती है स्पष्टीकरण: एक नदी विशिष्ट क्षेत्र से अपना जल बहाकर लाती है जिसे ‘जलग्रहण’ Catchment) क्षेत्र कहा जाता है Please insert your information to see your ranking अपनी Ranking जानने के लिए कृपया अपनी जानकारी भरे नामPhone Number Your score isThe average score is 59% 0% Restart quiz Category: Class 11 Geography Quizzes in Hindi